स्कूलों को मिला अब कमाई का नया तरीका। New Income Source For Schools । First Good News After Covid-19 Pandemic

जितना लाभ एक स्कूल अपने स्टूडेंट से मिली फीस से नहीं कमाता उससे ज़्यादा सहायता राशि दे रही है इंडियन कोडिंग वेबसाइट अपने पार्टनर स्कूलों को। सबसे अच्छी बात तो ये है की केवल 1000रु आवेदन शुल्क के अलावा स्कूल को इस कंपनी के साथ जुड़ने के लिए कोई बड़ा शुल्क भी नहीं देना पड़ रहा।

कैसे होती है कमाई? स्कूल जिस स्तर का है उस स्तर तक की कक्षा में स्टूडेंट पास होने के बाद स्कूल से चला जाता है और उसके बाद उस स्टूडेंट से स्कूल को कोई आर्थिक लाभ नहीं होता।

लेकिन भारत की पहली और सबसे तेज़ अपनी ब्रांच खोलने वाली कोडिंग अकेडमी (इंडियन कोडिंग) की सूझबूझ से अब स्कूलों को कोडिंग की डिजिटल क्लास भी उनके स्कूल के स्टूडेंट के लिए निःशुल्क मिल रही है और साथ ही में जब स्कूल अपने पुराने सभी स्टूडेंट को इंडियन कोडिंग अकेडमी से प्रोफेशनल कोडिंग कोर्स जैसे एप डेवलपमेंट, वेबसाइट डेवलपमेंट, गेम डेवलपमेंट आदि करने के लिए प्रेरित कर रहा है तो स्कूल को प्रति एडमिशन 5000/- रु की सहयोग राशि भी इंडियन कोडिंग अकेडमी से मिल रही है। जबकि 6 माह के पूरे कोर्स की फीस केवल 25 हजार रु है और कोर्स करने वाले सभी स्टूडेंट को इनकम की लिखित गारंटी मिलती है क्योंकि आजकल कोडिंग की डिमांड बहुत ज्यादा है और कंपनियों को डवलपर मिल नहीं पा रहे हैं।

Why Indian Coding Academy Is The Best 3

इसे कहते हैं सोने पे सुहागा क्योंकि 1 अप्रैल 2022 से भारत के सभी स्कूलों में कोडिंग क्लास अनिवार्य कर दी गयी हैं और अपने सभी सहयोगी स्कूलों को इंडियन कोडिंग वेबसाइट ये सभी क्लास एक सॉफ्टवेयर के माध्यम से निःशुल्क उपलब्ध करवा रही है।

इसका मतलब ये की ना सिर्फ स्कूलों को कोडिंग क्लास अपने स्कूल में निःशुल्क उपलब्ध हो रही हैं और टीचर की सैलरी भी बच रही है (एक अच्छा कोडिंग टीचर कम से कम 20,000रु मासिक सैलरी लेता है) बल्कि जो स्टूडेंट स्कूल छोड़के जा चुके हैं उनसे भी कमाई का एक नया तरीका मिला है।

सबसे अच्छी बात तो ये है की ये भारत की सबसे बड़ी ऑफ़लाइन कोडिंग अकेडमी श्रंखला होने के कारण अपने सभी स्टूडेंट को लिखित इनकम गारंटी भी देती है जिससे स्कूल पर अपने पुराने स्टूडेंट यहाँ भेजने में कोई आपत्ति भी नहीं होती। स्कूल को भी एग्रीमेंट में साफ लिख कर दिया जाता है की यदि हम आपके भेजे गए स्टूडेंट को कोर्स के बाद 3 महीनों में कमाई शुरू करवाने में नाकामयाब होते हैं तो उनकी फीस लौटा दी जाएगी, जिससे स्कूल भी बहुत अधिक मात्रा में इस कंपनी के साथ जुड़ने के लिए आवेदन कर रहे हैं और अपने पुराने स्टूडेंट से कमाई करने के साथ-साथ उनके परिजनों से भी बच्चों को कामयाब करने के कारण वाह-वाही लूट रहे हैं।

इस कंपनी की अभी राजस्थान के 5 शहरों में ब्रांच है और लक्ष्य 31 मार्च 2022 तक पुरे भारत में अपनी ब्रांच शुरू करने का है ताकि पुरे भारत के स्कूलों व स्टूडेंट को इस सुविधा का लाभ मिल सके। सहयोगी स्कूलों के आवेदन कंपनी की वेबसाइट इंडियन कोडिंग डॉट कॉम पर हो रहे हैं। आवेदन का लिंक : https://indiancoding.com/Certified_School_Application/